ख्वाबों में तुम जब भी आते हो.... Hindi love poem

ख्वाबों में तुम जब भी आते हो....
मुस्कुराते हुए चले जाते हो.... 

मैं पुछता हूं क्या कमी है मुझमें,
जाना मुझे क्यूँ इस तरह सताते हो....

दिल क्या ढूंढता है दर-बदर,
तुम जो उजालों में न नजर आते हो....

मिलने की कोशिश तो करो एक बार,
हंसा कर फिर क्यूँ रुला जाते हो....

रोज-ब-रोज अपनी अदा ओं से,
मेरी तड़प और कशिश क्यूँ बढाते हो....

ना जाने क्यूँ ऐसा करती हो तुम.?
खुद चैन से सो कर मुझे सारी रात जगते हो....!!!

प्रभात.......
तेरा मेरा साथ रहे 👫💞

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