Posts

अनमोल वचन..... Hindi Suvichar ......

Image
🙏 आज का सुविचार 🙏       =========== काँटों पर चलकर फूल खिलते हैं........ विश्वास पर चलकर....... भगवान  मिलते हैं....... एक बात सदा याद रखना दोस्तों.......         सुख में सब मिलते है....... लेकिन........ दुख में सिर्फ....... भगवान  मिलते है....... सुप्रभात दोस्तों 🔆🙏 प्रभात.......

मेरे चांद का मुझे दीदार करा दो........! Hindi love poem

Image
उसकेे रूख़ से जरा नकाब हटा दो, मेरे चांद का मुझे दीदार करा दो........! कई दिनों से मैंने उसे देखा ही नहीं, आज फलक से उसे जमी पे उतार दो........! राहत-ए-जिंदगी मेरी उससे ही है, मेरी जिंदगी को मेरे पास बुला दो........! तरस गया हूं सुनने को उसकी बातें, जरा उसकी आवाज मुझे सुना दों........! सोया नहीं मैं कई रातें याद में उसकी, उसके पहलूं में आज मुझे सुला दो........! हर हाल में वफा-ए-मोहब्बत मैं निभाऊंगा, बस एक बार मुझे उसका चेहरा दिखा दो.......!! प्रभात....... तेरा मेरा साथ रहे 👫

महिला दिवस..... women's day Hindi poem

Image
मां बनकर जिसने हमें जन्म दिया...... दुध पिला के जिसने हमें बड़ा किया..... मां की ममता का कोई मोल नहीं..... मां के रुप में भी नारी महान बन गई..... बहन बनकर जिसने बांधी हमें राखी..... साथ रही वो बनकर हमारी साथी..... बहन‌-भाई जैसा पाक कोई रिश्ता नहीं..... बहन के रुप में भी नारी महान बन गई..... पत्नी बनकर जिसने बाबुल का घर छोड़ दिया..... साथ रहकर हमारे सुख दुख से नाता जोड़ लिया..... अपने तन मन प्यार जो हम पर लुटाती रही.... पत्नी के रुप में भी नारी महान बन गई..... कभी मां, कभी बहन, तो कभी पत्नी रुप लिया..... नारी ने हर रुप में अपनी महानता का सबूत दिया..... इस महिला दिवस पर समस्त नारी को नमन  प्रभात.......

अनमोल विचार G...m...Hindi suvichar

Image
🙏अनमोल विचार 🙏       ========= इंसानियत आदमी को, इंसान बना देती है......! लगन हर मुश्किल को, आसान बना देती है......! लोग यूँ ही नहीं  जाते, मंदिरों में पूजा करने......! आस्था ही तो पत्थर को, भगवान बना देती है......! अमीरों के चेहरे पे कभी, मुस्कान नहीं होती......! गरीब के चेहरे पे कभी, थकान नहीं होती.......! सब कुछ खरीद सकती है, दौलत इस दुनिया में.......! पर शुक्र है मुस्कुराहट, किसी की गुलाम नहीं होती.......!! सुप्रभात दोस्तों 🔆🙏 प्रभात.......

है मोहोब्बत मुझे पर अब बताऊं कैसे.. Hindi love poem..

Image
राज आँखों का अब मैं छीपाऊं कैसे.. है मोहोब्बत मुझे पर अब बताऊं कैसे.. उसके होंठों की लाली वो कानों की बाली..  उसका मासूम सा चेहरा भूलाऊं कैसे.. झुल्फो के पीछे वो चेहरा छुपाना.. वो उसकी सरारत अब भूल जाऊं कैसे.. माने ना कहेना दिल ना एक पल का चैन.. इस पागल दिल को मैं कैसे समझाऊं.. बातों में है वो एहसास में है वो मेरे..  मैं गजल कैसे बना कर गुन-गुनाऊं कैसे... उफ वो अदा उसकी हाए वो हाय उसकी.. सरबती उन आँखों से निकाल पाऊं कैसे.. प्रभात.......

कभी खुशी तो कभी थोड़ा गम मिला है...... Hindi motivational poem

Image
कभी खुशी तो कभी थोड़ा गम मिला है...... जिंदगी से यारो हमें क्या कम मिला है..... ख्वाहिशें इंसान की कभी मरती नहीं..... जितना मिले लगे उतना ही कम मिला है..... बिना मेहनत के नसिबा भी चमकता नहीं..... आग में जले बिना सोना भी निखरता नहीं..... फूल चुनना है तो‌ कांटों की चुभन भी सहो..... यहां आसानी से कुछ भी हासिल होता नहीं.... याद कर लो जरा अपने वो बचपन के दिन..... बिना गीरे किसी ने भी चलना सिखा ही नहीं..... पलट कर देख लो जरा इतिहास के पन्नों को..... बिना हिम्मत के इतिहास किसी ने रचा ही नहीं.... ईश्वर से मांगना हो तो जोस-ए-जुनून मांग लो.... क्योंकी..... बिना मुश्किलों के वो भी परमात्मा बने ही नहीं.... प्रभात........

एक कली से भंवरे को यारों मोहब्बत हो‌ गई...... Hindi love story

Image
बाग में जब एक कली खिलने लगी...... देख भंवरे का दिल भी मचलने लगा...... खुलते ही पंखुड़ियों से खुशबू आने लगी..... देख भंवरा भी उसे गुनगुनाने लगा...... मंडराता रहा वो कली के इर्द गिर्द..... भंवरे पे चाहत का नसा छाने लगा..... देख दीवानें को अपनें कली भी मुस्कुराईं..... भंवरा भी मोहब्बत के तराने गाने लगा...... अपनी रंगत और महक उसपे वो लुटाने लगी..... भंवरा भी उसके प्रेम रस में अब डूबने लगा...... पहली ही मुलाकात दिल पे असर कर गई...... एक कली से भंवरे को यारों मोहब्बत हो‌ गई...... उनकी मोहब्बत चर्चे अब तो आम हो गये..... मिलन के सिलसिले दोनों के बढ़ाने ‌लगे..... बित‌ रहे थे हर‌ दिन उनके बड़ी खुशहाली से..... आने वाले ख़तरे से भी दोनों अंजान थे..... अंत में वो समय देखो आ ही गया..... बाग में माली फूल सारे चुनने लगा...... देख माली को अब वो घबराने लगी..... जुदाई के गम से आंसू बहने लगा...... ढूंढती रह गई भंवरे को कली...... कब डाली से टूटी उसे पता ही ना चला..... एक पल में ही जैसे वो गुमनाम हो गई..... क्यूं आखरि मुलाकात भी मुझे नसीब ना हुई..... जब आया भंवरा उस कली ...